पृष्ठभूमि

भारत को अपने सॉफ्टवेयर उद्योग की सफलता को लेकर गौरवांवित महसूस करने की कई वजहें हैं। उदारीकरण के बाद के दौर में सरकारी नीतियों ने आईटी निर्यात के लिए कैटलिस्ट का काम कर इसे सरल बनाया।

सॉफ्टवेयर उद्योग को विश्व में पहचान मिलने की प्राथिमक वजहें हैं जरूरत के हिसाब से बनाई गईं नतियां व सरकार द्वारा प्रक्रियाओं का सरलीकरण। नीतिगत बदलावों के प्रति उद्योग की भी प्रतिक्रिया बहुत अच्छी रही है।

सरकार और उद्योग के बीच सही भागीदारी ने इस सफलता में मदद की है। 1991 में सॉफ्टवेयर तकनीक उद्यान की स्थापना सही समय पर, सही दिशा में उठाया गया कदम रहा।